उत्तराखंडशिक्षा

दून यूनिवर्सिटी में मेस के खाने पर छात्रों का हंगामा, कीड़ा मिलने के आरोप पर कुलपति आवास घेरा

Listen to this article

देहरादून। दून विश्वविद्यालय में छात्र परिषद चुनाव से ठीक एक दिन पहले सोमवार देर रात मेस के खाने को लेकर छात्र-छात्राओं का आक्रोश सामने आया। भोजन में कीड़ा मिलने का आरोप लगाते हुए बड़ी संख्या में छात्राएं कुलपति आवास के बाहर पहुंच गईं। छात्रों ने मेस में भोजन की गुणवत्ता और व्यवस्थाओं को लेकर नाराजगी जताते हुए नारेबाजी की।

मामले की सूचना मिलते ही विश्वविद्यालय प्रशासन में हलचल मच गई। पुलिस भी मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास किया। विश्वविद्यालय के चीफ प्रॉक्टर को भी मौके पर बुलाया गया। देर रात तक छात्र-छात्राएं अपनी शिकायतों और मांगों को लेकर कुलपति आवास के बाहर मौजूद रहे।

पहले भी सामने आ चुकी हैं शिकायतें

छात्रों का कहना है कि विश्वविद्यालय की मेस में भोजन की गुणवत्ता को लेकर पहले भी शिकायतें की जाती रही हैं। उनका आरोप है कि शिकायतों के बावजूद व्यवस्था में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ। सोमवार रात भोजन में कीड़ा मिलने के आरोप के बाद छात्रों का आक्रोश और बढ़ गया।

छात्र-छात्राओं ने मेस व्यवस्था में सुधार, भोजन की गुणवत्ता की नियमित निगरानी और शिकायतों के समाधान की मांग की। विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से छात्रों से बातचीत कर मामले को शांत कराने का प्रयास किया गया।

कुलपति ने कहा- पहले भी दी गई थीं व्यवस्थाएं सुधारने की हिदायत

दून विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. सुरेखा डंगवाल ने बताया कि उन्होंने सोमवार सुबह बॉयज हॉस्टल का निरीक्षण किया था। व्यस्तता के कारण गर्ल्स हॉस्टल का निरीक्षण नहीं हो सका। उन्होंने बताया कि मेस से संबंधित इस तरह की शिकायत पहले भी सामने आई थी, जिसके बाद संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को व्यवस्था में सुधार के निर्देश दिए गए थे।

कुलपति के मुताबिक, विश्वविद्यालय की मेस में छात्रों को 2,200 रुपये में तीन वक्त का भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है।

उन्होंने यह भी कहा कि 29 सितंबर को विश्वविद्यालय में छात्र परिषद के चुनाव होने हैं। कुलपति के अनुसार, कुछ छात्र इस मुद्दे को राजनीतिक मुद्दे के रूप में भी उठा रहे हैं।

फिलहाल मेस के भोजन को लेकर छात्रों की नाराजगी के बाद विश्वविद्यालय प्रशासन के सामने भोजन की गुणवत्ता और मेस व्यवस्था से जुड़ी शिकायतों के समाधान की चुनौती है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button